अलीवर्दी खाँ - (1740-56) एवं सिराजुद्दौला (1756-1757)

अलीवर्दी खाँ - (1740-56) :-

 इसने यूरोपियों की तुलना मधुमक्खियों से की और कहा कि यदि इन्हें छेड़ा न जाये तो यह शहद देंगी और छेड़ने पर काट काट कर मार डालेगी।

सिराजुद्दौला (1756-1757) :- 

नबाब बनने के साथ ही सिराजुद्दौला को अपने सम्बन्धियों के विरोध का सामना करना पड़ा। इनमें प्रमुख थे पूर्णिया के नबाब शौकतजंग एवं ढाका के नबाब तथा उसकी मौसी घसीटी बेगम थी। अंग्रेजों ने इन्हें संरक्षण दिया । दूसरी तरफ अंग्रेज ने नबाब की अनुमति के बगैर ही कलकत्ता में किलेबंदी शुरू कर दी। अतः सिराजुद्दौला ने अंग्रेज के विरुद्ध कार्यवाही करते हुए कलकत्ता पर हमला किया और जून 1756 में फोर्ट विलियम पर अधिकार कर लिया। इस घटना के सम्बन्ध में ब्रिटिश अधिकारी हॉल्वेल ने ब्लैक हौल कांड का उल्लेख किया। ब्लैकहोल कांड का तात्पर्य उस घटना से है जहाँ नबाब ने 146 अंग्रेज बंदियों को एक छोटे से कमरे में कैद किया और अगले दिन उसमें केवल 23 जिन्दा बचे। 

                 अंग्रेज ने कलकत्ता पर पुनः नियंत्रण करने के लिए क्लाइव के नेतृत्व में मद्रास से सेना बुलाई और फोर्ट विलियम पर पुनः अधिकार किया। अब क्लाइब ने नबाब के अधिकारीयों को अपने पक्ष में कर नबाब के विरुद्ध षड़यंत्र किया। इनमें प्रमुख थे । 

1 मीरजाफर - (सैन्य अधिकारी)

2 अमीनचंद - (पूंजीपति)

3 जगत सेठ (फतहचन्द) - कलकत्ता का बैंकर

4 माणिकचंद -( कलकत्ता का प्रभारी)



Comments

Popular posts from this blog

अध्याय- 3 पृथ्वी की गतियाँ 6th NCERT

अध्याय 2. ग्लोब : अक्षांश एवं देशांतर 6th NCERT

अध्याय 7 हमारा देश : भारत 6th NCERT